Saturday, May 19, 2012

HAJ subsidy within periods of 10 years-By Vikash Gahlot

I welcome that Supreme Court of India today in a decision directed to Government of India to eliminate HAJ subsidy within periods of 10 years. This interim order is also applicable to the Haj pilgrimage of 2012.
However in my opinion GOI must have to launch subsidy plans for Amarnath yatra & for Kailash Mansarover yatra as it is a matter of emotions for 80 % of Indian Hindu population. Our government is always ready to make plans for Muslims & for Christians but it is really ridiculous that 80% of Majority Hindu population of this country is ignored by its government. it is really ill mentality of congress government if anybody starts speaking about Majority population of India then Indian Government start blaming that Individual belongs to RSS. RSS is not a terrorist organisation. Some days before when I was reading history of India about Kakory conspiracy I read a name Keshav Baliram Hedgewar. He was accused of Kakory conspiracy. He was a great freedom fighter. Vande Matram is not an idiom of Kattar Hindu Vadi organisation. But it means salutation to our motherland (Matrubhomi ki Jai ho “Maa Bharti ki Jai Ho”). Bhagat Singh was not a communist but he was a great philosopher, a great thinker moreover he was a great son of Maa Bharti. It is really strange when someone tries to talk about black money. Government starts blaming that the person belongs to RSS. This shows mental behavior and eccentric of government of India & of Indian Congress. An old age person of 75 years is a great enemy of GOI as he is talking about JanLokpal bill The Anna Hazzare. Again old tape of GOI Mr. Anna is supporter of RSS. We the people of India we want to advise Indian Government that the policy makers of this country that they have to think about black money, Money laundering processes & formation of law on Jan Lokpal bill. Start thinking about our motherland Maa Bharti does not mean that an individual is part of a particular organisation but it means that individual feels so much concern to his Maa.

Jai Maa Bharti

Vikas

भारतीय किसान यूनियन ने माँगा हक....


वक़्त की मर किस पर? तश्विरों सहित रोचक समाचार के लिए पढ़ें इस को क्लिक कर से आवाज का तजा अंक


बस में आग लगने से करीब 25 लोगों की मौत


उत्तर प्रदेश के बहराइच में एक बस में आग लगने से करीब 25 लोगों की मौत हो गई. अजमेर जा रही बस में 80 लोग सवार थे. हादसे में 13 घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
चश्मदीदों के मुताबिक खड़े ट्रक से टकराने के बाद बस में भयानक आग लग गई. बताया जा रहा है कि अजमेर जा रहे जायरिनों ने खाना बनाने के लिए बस में छोटे सिलेंडर भी रखे हुए थे जो हादसे के बाद फटने लगे. बस में सुल्तानपुर, फैजाबाद और आंबेडकर नगर के लोग सवार थे.
जिलाधिकारी किंजल सिंह के अनुसार तीर्थयात्रियों को लेकर अजमेर शरीफ जा रही एक बस कोतवाली थाने के चिलवरिया गांव के पास एक ट्रक से भिड़ गयी, जिससे उसमें आग लग गयी.
उन्होंने बताया कि 44 लोगों को अस्पताल भेजा गया. दो की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें लखनउ रेफर किया गया है.
किंजल सिंह ने यह भी कहा कि बस में रसोई गैस सिलेंडर रखे थे. हो सकता है कि टक्कर के बाद सिलेंडरों की वजह से इसमें आग लगी हो.
मुख्य विकास अधिकारी सुखलाल भारती ने बताया कि यह 54 सीटों वाली बस थी जिसमें 60 से 70 लोग सवार थे. इनमें से 44 लोग बचा लिए गए.
बताया जाता है कि यह बस सुल्तानपुर से चली थी और इसमें अंबेडकरनगर तथा फैजाबाद से भी लोग चढ़े थे.
तीर्थयात्रियों में से जीवित बचे एक मेहंदी राजा ने बताया कि बस में 75 से 80 लोग सवार थे.

Saturday, May 12, 2012

धर्मनगरी कुरुक्षेत्र से 12 मई के ताजा समाचार..यहाँ क्लिक करके पढ़ें....



कुरुक्षेत्र के दर्शकों ने देखी चेखव की खूबसूरत दुनिया

कुरुक्षेत्र/पवन सोंटी 
राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय से आए कलाकारों का अभिनय कौशल बेजोड़ है। इन कलाकारों ने जिस खूबसूरती के साथ नाटक चेखव की दुनिया का मंचन किया है उसकी प्रंशसा के लिए कोई शब्द नहीं है। ये शब्द उपायुक्त मंदीप सिंह बराड़ ने कहे। वे मल्टी आर्ट कल्चरल सैंटर में राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय द्वारा आयोजित दो दिन के नाट्य उत्सव के पहले दिन हुए नाटक चेखव की दुनिया देखने के बाद दर्शकों को संबोधित कर रहे थे। इससे पूर्व दो दिवसीय नाट्य समारोह में बतौर मुख्यातिथि शामिल हुए कुरुक्षेत्र के उपायुक्त मंदीप सिंह बराड़ ने दीप प्रज्ज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर मल्टी आर्ट कल्चरल सैंटर के उपाध्यक्ष चंद्र शर्मा एवं उप-निदेशक विश्व दीपक त्रिखा तथा राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय टीम के प्रभारी विजयपाल वशिष्ट भी उनके साथ उपस्थित थे। राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय नई दिल्ली एवं मल्टी आर्ट कल्चरल सैंटर कुरुक्षेत्र के संयुक्त प्रयास से हरियाणा भर में आयाजित नाट्य समारोह की कड़ी में कुरुक्षेत्र में नाटक चेखव की दुनिया का मंचन किया गया। नाटक का निर्देशन प्रसिद्ध नाटक निर्देशक एवं संवाद एवं पटकथा लेखक रंजीत कपूर द्वारा किया गया है। 

चेखव की दुनिया महान रूसी लेखक अंतोन चेखव की छह छोटी कहानियों का कोलाज है। सभी कहाानियां रिश्तों में मानवीय भावनाओं को दर्शाती है। चेखव की विश्व प्रसिद्ध कहानी डेथ ऑफ अ क्लर्क को छींक कहानी के नाम से पेश किया गया। इस कहानी में एक ऑपेरा में अपने जनरल के सिर पर छींकने वाला क्लर्क अपनी गलती के लिए यथासंभव क्षमायाचना नहीं कर पाता। फलस्वरूप उसके ज़हन में पद अवनति का डर, एक तरह का अपराध बोध घर कर लेता है, जिसे वह अपने मन से निकाल नहीं पाता और अंतत: इन्हीं कारणें के चलते उसकी मौत हो जाती है। दूसरी कहानी थी सर्जरी, जिसमें दिखाया गया कि जब दूर देहात में कोई मनोरंजन का साधन नहीं होता था तो किसी के दंात में दर्द होना ही लोगों के लिए एक मनांरजक घटना हो जाती थी और उस पर दांत का दर्द ठीक करने के लिए डाक्टर के स्थान पर उसका नौसिखिया कंपाऊंडर उसे पकड़ लेता है। इस कहानी का दर्शकों ने ठहाकों के साथ खूब आनंद लिया। शिकारी चेखव की तीसरी कहानी थी। कहानी में पीटर नाम का एक युवक आइरिना नामक एक विवाहिता को उसके पति के ही माध्यम से अपने कामजात में फंसाता है। पूरी कहानी के दौरान वह महिलाओं को फंसाने के तरीकों को बतौर विशेषज्ञ दर्शकों को सुनाता है। स्वयं को दुसरों की बीवियों को पटाने का सबसे माहिर होने का दावा करता है। किंतु इस कहानी का अंत दर्शकों को इतना पंसद आया कि दर्शक देर तक ताली बजाते रहे और नाटक के बाद भी दर्शकों में यह कहानी न केवल चर्चा का विषय बनी रही बल्कि सबसे अधिक सराहना इसी कहानी को मिली। चौथी कहानी एक बेसहारा औरत की थी। यह एक जंगली व्यवहार करने वाली औरत की कहानी थी जो मानसिक रूप से असंतुलित है। वह एक बैंक मैनेजर के पास एक शिकायतकर्ता ग्राहक के रूप में जाती है और अपनी ऊलजलूल हरकतों से उस बैंक मैनेजर को ओर अधिक परेशान करती है और जाते जाते बैंक मैनेजर को भी पागल कर देती है, जिससे नाटक में एक जबरदस्त हास्य का पुट पैदा होता है। पांचवी कहानी एक ऐसे व्यक्ति की कहानी थी जो खुद को डूबो कर पैसे कमाता है। जो पैसे लेकर डूबने के लिए समंदर में कूद जाता है, हालांकि उसे तैरना नहीं आत। वह डूबने का यह तमाशा देखने वाले व्यक्ति को कहता है कि जब मैं सचमुच डूबने लगूं तो तुम सामने खड़े एक आदमी को आवाज देना ताकि वो मुझे बचा ले और उसे बचाने वाले व्यक्ति का नाम बताकर समंदर में छलांग लगा देता है किंतु एन वक्त पर जब वह व्यक्ति सच में डूबने लगता है तो तमाशा देखने वाला बचाने वाले का नाम ही भूल जाता है। आखिरी कहानी युवाओं और अभिभावकों के लिए एक सबक कहानी थी। एक बाप अपने बेटे को उसके 19 साल का होने पर उसे बालिग होने का गिफ्ट देना चाहता है किंतु अंत में बाप अपना इरादा बदल देता है। कहानी का संदेश था कि काश कुछ अभिभावक अपने बच्चों के बारे में सोच और बच्चे अपने अभिभावकों की भावनाओं के बारे में।

डेढ़ वर्ष से गांवों की बिजली जुड़वाने के लिए खा रहे है धक्के
बिजली विभाग ने बिजली के खंभे गाड़े, नहीं लगाई बिजली की तारे
लाडवा/शैलेंद्र चौधरी
लाडवा खंड के गांव बूढ़ा कालोनी वासी पिछले डेढ़ वर्ष से कालोनी की बिजली की लाइन को गांवों की लाइन से जोडऩे की मांग कर रहे है, लेकिन आज तक भी इनकी बिजली की लाइन को गांवों की लाइन से नहीं जोड़ा गया। कालोनी वासियों के अनुसार कई महीनों से बिजली के खंभे भी गाड़ दिए गए है और करीब डेढ़ साल पहले बिजली की लाइन को गांव से जोडऩे के लिए आने वाला खर्च राशि भी भरवा ली गई, लेकिन कालोनी वासियों की समस्या आज भी ज्यों की त्यों है। कालोनी वासी सरोज, रेखा रानी, भोती देवी, जरनैलो, माया, सत्या, मायावती, जगीर कौर, कमलेश, सुरेंद्र, रोशनी, हरविंद्र कौर, रोशनी, सुखदेवी, राज कुमार, पाला राम आदि ने न केवल बिजली कार्यालय पर जाकर जमकर सरकार व बिजली विभाग के प्रति नारेबाजी की, बल्कि बिजली विभाग के कर्मचारियों व अधिकारियों को चेतावनी दी की यदि उनकी कालोनी की बिजली गांव की बिजली से नहीं जोड़ा गया तो मजबूरन उनको सडक़ों पर उतरना पड़ेगा। कालोनी वासियों के अनुसार उनकी बिजली किसानों के ट्यूबवेलों से जोड़ी गई है, जोकि न के बराबर आती है, जिससे न केवल बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, बल्कि कालोनी में पीने के पानी तक की समस्या बनी हुई। बार-बार मांग करने के बावजूद भी बिजली विभाग उनकी बिजली गांवों की लाइन से नहीं जोड़ रही है, जबकि बिजली के खंभे भी लगा दिए गए है।
एक सप्ताह के अंदर-अंदर जोड़ दी जाएगी गांव से बिजली : अभिषेक
जब इस बारे में बिजली विभाग के एस.डी.ओ. अभिषेक से बातचीत की तो उन्होंने कहा कि गेहूं का सीजन के कारण लेबर की समस्या हो गई थी। जिसके कारण कालोनी वासियों की बिजली गांवों से नहीं जोड़ी गई है। उन्होंने कहा कि एक सप्ताह के अंदर-अंदर इनकी बिजली को गांव की लाइन से जोड़ दिया जाएगा। 




... आखिर कब पूरा होगा लाडवा-शाहाबाद रोड का निर्माण
रोजाना लगता है घंटा-घंटा वाहनों का जाम
बाबैन
आखिर कब तक कस्बा बाबैन के लोगों को सडक के चल रहे धीमे निर्माण कार्य के पूरा होने का का इंतजार करना पड़ेगा। बता दें कि करीब दो साल से चल रहे लाडवा-शाहाबाद रोड के निर्माण कार्य में अब शहर के बीच में पडी मिट्टी, रोडा व पत्थरों से राहगिरों का चलना दुश्वार हो गया है। जिस कारण इस सडक़ से गुजरने वाले वाहन चालकों को भी प्रतिदिन अनेक परेशानियों से जुझना पड़ रहा है। बाबैन में जाम का घंटों तक लगा रहना तो एक आम बात हो गई है। दुकानदार राम कुमार, जसपाल, बलविन्द्र कन्दौली, जसबीर सैनी, श्याम सिंह रामपुरा, अनिल लैबोरेट्री, जितेन्द्र सिंगला, गुरदेव सिंह, नसीब राठी, अंगे्रज सिंह नम्बरदार, राज कुमार गर्ग, महिन्द्र डैंटल, कृष्ण वर्मा, राज कुमार, कर्मचन्द, डा. बलदेव, भगवान दास, ओमप्रकाश, हरीश कुमार, जय सिंह व बलदेव नम्बरदार का कहना है कि उनकी दुकानें लाडवा-शाहाबाद रोड पर स्थित हैं और लगभग दो साल से वे सडक़ निर्माण के चल रहे ढुलमुल रवैये से बेहद परेशान व दुखी हैं। उन्होंने बताया कि विभाग के द्वारा इस रोड को पहले से करीब 5 फुट ऊंचा उठाया जा रहा है और करीब 6-7 माह से अब तक 3-4 बार भारी भरकम मिट्टी डाली गई और अब 3-4 बार पत्थर डाल कर रोड को काफी ऊंचा किया जा रहा है जिस कारण दुकानदारों से निंरतर धूल-मिट्टी से उनके स्वास्थ्य से तो खिलवाड़ हो ही रहा है वहीं रोजाना वाहनों के टायरों से निकलने वाले पत्थर के टुकड़ों से प्रतिदिन राहगीर व दुकानदार घायल हो रहे हैं। घायल सोहन लाल भूखडी, लाभ ङ्क्षसह, राम कुमार गुहन, गुरमीत कार मैकेनिक ने बताया कि उन्हें सडक़ से जा रहे वाहनों से पत्थर निकलकर लगे और वे तुंंरत बेहोश हो गए और चेहरों पर चोटों के निशान अब तक कायम है, वहीं कांग्रेस पार्टी के पूर्व जिला महासचिव एवं लाडवा हलका से वरिष्ठ कांग्रेसी नेता अंगे्रज सिंह गुहन ने बताया कि एक दिन जब वह बाबैन से गांव में जा रहा था तो सडक के पत्थरों से मोटर साईकिल फिसलकर गिरी जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और अब तक घर पर ही चारपाई पर लेटा हुआ है और कहीं भी आने-जाने में असमर्थ है। दुकानदारों ने रोड के ऊंचा उठाने पर बताया कि उनकी सभी दुकानें रोड के कारण 3-4 फुट नीचा हो चुकी है और उन्हें दुकानों के अंदर सिर झुकाकर जाना पड़ता है और दुकानों पर रखा कीमती सामान धूल-मिट्टी से खराब होता रहता है जिससे ग्राहक बाबैन में खरीददारी करने में हिचकिचाते हैं। सब्जी व फल विके्रताओं का तो रोना है कि उनकी सब्जियों व फलों पर सारा दिन धूल मिट्टी जमी रहती हैं वे सारा दिन उन पर पानी मारते हैं, लेकिन गर्मी के मौसम में एक ही दिन में फल-सब्जियां खराब हो जाती है और सूख जाती है और वे घाटे के दुकानदार बनकर रह गए हैं। उन्होंने बताया कि यदि रोड का निर्माण शीघ्र हो जाता है तो वे अपनी दुकानों को उसी हिसाब से ऊंचा उठाकर अच्छे प्रकार से रहना चाहते हैं लेकिन निर्माण कार्य के कछुआ चाल से वे दुकानों पर कोई भी निर्माण कार्य करने में संकोच महसूस कर रहे हैं और सभी दुकानदार दोपहर में 1 बजे से लेकर शाम के 4 बजे तक दुकानें बंद करके घर जाने को मजबूर हो जाते हैं जिससे दुकानदारी पर बूरा असर पड रहा है। इलाकावाीयों ने विभाग व सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा है कि दुकानदार वे राहगिर करीब दो साल से धूल-मिट्टी फांक-फांककर दमा, खांसी, जुकाम, एलर्जी व अनेक गंभीर बिमारियों की चपेट में आते जा रहे हैं, परन्तु सरकार व प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। काबिलेगौर है कि यदि सरकार व प्रशासन बाबैन में आकर रोड के निर्माण कार्य का जायजा ले तो कई महीनों तक भी निर्माण कार्य पूरा होने का अंदेशा नहीं लगाया जा सकता है। 

क्या कहते है पीडब्ल्यूडी विभाग के एक्सईएन के.के. नैन?
जब इस बारे में बीडब्ल्यूडी विभाग के एक्सईएन के.के. नैन से बात की गई तो उनका कहना था कि इस समय सडक़ बनाने की निर्माण सामग्री की समस्या है क्योंकि हरियाण व पंजाब में निर्माण सामग्री उपलब्ध नहीं हो रही है और कुछ ही निर्माण सामग्री अन्य राज्यों लाई जा रही है जो इस सडक के निर्माण के लिए पर्याप्त नही है। इस कारण सडक के निर्माण में देरी हो रही है। उन्होंने कहा कि विभाग निर्माण सामग्री जल्द उपलब्ध करवाने के लिए प्रयासरत है। 


Monday, May 7, 2012

धर्म नगरी के ताजा समाचार पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें


एनसीसी ‘सी’ सर्टिफिकेट धारक को मिलेगी लिखित परीक्षा में छूट
6 जिलों और चंडीगढ़ के प्रार्थी ले सकेंगे सेना की खुली भर्ती में भाग, सेना कार्यालय ने जारी किया शैडयूल, 30 मई से 9 जून तक चलेगी भर्ती प्रक्रिया
कुरुक्षेत्र/पवन सोंटी
एनसीसी का ‘सी’ सर्टिफिकेट लेने वाले प्रार्थी को सेना की भर्ती में लिखित परीक्षा से छूट मिलेगी। ए और बी सर्टिफिकेट लेने वाले विद्यार्थी को भी सेना की जनरल डयूटी भर्ती प्रक्रिया में क्रमश: 5 और 10 अंक बोनस के रूप में दिए जाएंगे। नियमानुसार बोनस अंक लिखित परीक्षा उतीर्ण होने के बाद ही दिए जाएंगे। द्रोणाचार्य स्टेडियम कुरुक्षेत्र में अम्बाला, कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल, यमुनानगर, पंचकुला और चंडीगढ़ में सेना भर्ती अम्बाला कार्यालय की तरफ से जिला अनुसार शैडयूल जारी कर दिया है। सेना में खुली भर्ती 30 मई से लेकर 9 जून तक चलेगी। सेना में खुली भर्ती के डायरेक्टर कर्नल एसके प्रसाद ने भर्ती शैडयूल के बारे में चर्चा करते हुए कहा कि 30 मई को सेना भर्ती कार्यालय अम्बाला की तरफ से खुली भर्ती की प्रक्रिया को शुरू कर दिया जाएगा। भर्ती एक नि:शुल्क सेवा है। इसलिए सेना में भर्ती के लिए दलालों की बातों में नहीं आना चाहिए और न ही किसी को पैसा देना चाहिए। सेना कार्यालय की तरफ से 30 मई को उम्मीदवार को अम्बाला कार्यालय की तरफ से जारी किए गए पत्र अनुसार केंद्रीय श्रेणी भर्ती (हवलदार शिक्षक) हरियाणा (मेवात, गुडग़ांव, पलवल एवं फरीदाबाद को छोडक़र) हिमाचल व चंडीगढ़ के प्रार्थियों को पहुंचना होगा। इसके साथ ही 30 मई को ही सैनिक जरनल डयूटी के लिए हरियाणा के 6 जिलों सहित चंडीगढ़ के सिर्फ सिख तथा सिख (मजहबी एवं रामदासिया) उम्मीदवारों को आमंत्रित किया गया है।  31 मई को कुरुक्षेत्र जिले के सभी जातियों के प्रार्थी, एक जून को अम्बाला, पंचकूला व चंडीगढ़, 2 जून को जिला कैथल, 3 जून को करनाल, 4 जून को यमुनानगर तथा 4 जून को ही 6 जिलों व चंडीगढ़ के गोरखा उम्मीदवार पहुंचेंगे। उन्होंने बताया कि 5 जून को कुरुक्षेत्र व करनाल जिला के प्रार्थी सैनिक लिपिक व स्टोर कीपर तकनीकी, 6 जून को अम्बाला एवं यमुनानगर सैनिक लिपिक व स्टोरकीपर, 7 जून को कैथल, पंचकुला व चंडीगढ़ के प्रार्थी सैनिक लिपिक व स्टोर कीपर तकनीकी परीक्षा के लिए पहुंचेंगे। 8 व 9 जून को मेडीकल प्रक्रिया शुरू होगी। भर्ती की यह प्रक्रिया प्रतिदिन सुबह 4 बजे से लेकर सायं 7 बजे तक चलेगी। दौड़ हर रोज प्रात: 5 बजे शुरू होगी। उन्होंने कहा कि भर्ती के दौरान किसी भी दुर्घटना होने पर उम्मीदार स्वयं जिम्मेवार होगा, रैली के दौरान स्टेडियम में प्रवेश करने के बाद सभी टेस्ट होने तक बाहर नहीं जाने दिया जाएगा, लिखित परीक्षा के लिए रैली स्थान पर प्रवेश पत्र मिलने पर उम्मीदवार भर्ती कार्यालय अम्बाला से सैम्पल प्रश्न पत्र ले सकता है, रैली मैदान में मोबाइल फोन पर पूर्णत: प्रतिबंध रहेगा।
किन दस्तावेजों को साथ लाना होगा प्रार्थी को
कर्नल एस.के. प्रसाद का कहना है कि प्रार्थी को भर्ती स्थल पर अपने साथ शैक्षणिक योग्यता से सम्बंधित प्रमाण पत्र, कम्प्यूटर से डाऊनलोड किए गए किसी भी प्रकार के प्रमाण पत्र पर स्कूल के प्रधानाचार्य के हस्ताक्षर व मोहर, रिहायशी प्रमाण पत्र पर सम्बंधित अधिकारी की मोहर, चरित्र प्रमाण पत्र 6 महीने के अंदर सरपंच द्वारा जारी किया गया हो, जिस पर उम्मीदवार की फोटो का होना भी जरूरी है, सिख (मजहबी एवं रामदासिया) के पिता का जाति प्रमाण पत्र तहसीलदार व एसडीएम द्वारा जारी किया हो, सिख और सिख  (मजहबी एवं रामदासिया) तथा गोरखा अभिभावक का जाति प्रमाण पत्र भी एसडीएम द्वारा जारी हो, 15 रंगीन पासपोर्ट साईज फोटो और फोटो के पीछे नाम लिखकर सरपंच से प्रति हस्ताक्षरित हो, अलग-अलग साईज के फोटो स्वीकार नहीं किए जाएंगे। सिख उम्मीदवार पगड़ी में अपने पिता के साथ संयुक्त फोटो भी लेकर पहुंचे, फोटो एक माह से पुराना न हो, फोटो पर कोई भी सील अथवा चिह्न नहीं होना चाहिए, सेवारत, भूतपर्वू सैनिकों, सैन्य कर्मियों की विधवाओं के बच्चे अभिलेख कार्यालय से रिलेशन सर्टिफिकेट साथ लाएं, जिस पर बच्चे का नाम, जन्म तिथि, पार्ट टू आर्डर नम्बर और एसआरओ की मोहर व आर्मी नम्बर, रंैक, नाम व पदनाम सहित हस्ताक्षर हों, अपने पिता की डिस्चार्ज बुक भी लाएं, 21 वर्ष से कम विवाहित उम्मीदवार इस पद के लिए योग्य नहीं है, कोई भी सर्टिफिकेट किसी भी प्रकार के काटने या अभिलेखित किए जाने पर स्वीकार नहीं होंगे तथा 21 वर्ष से कम उम्र के अविवाहित उम्मीदवार अपने अभिभावक एवं सरंक्षक का हस्ताक्षर प्रमाण पत्र लाएं।


स्पीड  ब्रेकर न बनने से लोगों में भारी रोष
लाडवा/शैलेंदर चौधरी
लाडवा-करनाल मार्ग पर काली माता मंदिर के पास हो रही दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए मार्कीट के लोगों ने प्रशासन से मार्ग पर स्पीड-ब्रेकर बनवाने की जोरदार मांग की है। मार्कीट के दुकानदारों के अनुसार उन्होंने कई बार लिखित में पी.डबल्यू.डी. विभाग को स्पीड-ब्रेकर बनाने की मांग भी की है, लेकिन आज तक इस मार्ग पर स्पीड-ब्रेकर नहीं बनाया गया है, जिससे अक्सर इस मार्ग पर सडक़ दुर्घटनाएं घट रही है। मार्कीट के दुकानदार सोमनाथ, देव राज, धर्मपाल, मनीष, अमित, रणजीत, राम कुमार, सुभाष, राकेश कंबोज, कृष्ण, अमित, प्रवीण, महेश, भगवती, राज कुमार, सतीश आदि ने बताया कि करनाल-रादौर मार्ग पर लाडवा के नजदीक हनुमान मंदिर के पास व काली माता मंदिर के पास मोड़ होने व चौक के कारण वाहन चालक कई बार संतुलन खो बैठते है, जिसके कारण अक्सर इस मार्ग पर दुर्घटनाएं घटती है। कई बार तो इन दुर्घटनाओं से घटनाग्रस्त लोगों की मौत हो गई है। बार-बार मांग करने के बावजूद भी पी.डबल्यू.डी. विभाग द्वारा सडक़ पर स्पीड-ब्रेकर नहीं बनाए जा रहे है जिससे पास के दुकानदारों में भारी रोष भी पनप रहा है। दुकानदारों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द ही सडक़ पर स्पीड-ब्रेकर नहीं बनाया तो वह विभाग के खिलाफ सडक़ों पर उतरने को मजबूर होंगे। जब इस बारे में पी.डबल्यू.डी. विभाग के एस.डी.ओ. राकेश तनेजा से बातचीत की तो उन्होंने माना की करनाल-रादौर मार्ग पर स्पीड-ब्रेकर बनाने की मांग आई हुई है। उन्होंने कहा कि जैसे ही इस मार्ग पर सडक़ का कार्य शुरू होगा, सडक़ पर स्पीड-ब्रेकर बना दिया जाएगा।  


प्रचार वाहन के माध्यम से ग्रामीणों को किया जागरूक
लाडवा/शैलेंदर चौधरी
आत्मा एवं उप कृषि निदेशक कुरुक्षेत्र के सहयोग से प्रचार वाहन चलाया गया है जो गांव-गांव में जाकर किसानों को फसलों के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी उपलब्ध करवा रहा है। प्रचार वाहन सोमवार को लाडवा खंड के गांव लाठी धनौरा, बड़ौंदा-बड़ौंदी, बपदा-बपदी, भूतमाजरा, मुरादनगर, बूढ़ा, बनी, बदरपुर, छलौंदी आदि गांवों में पहुंचा। प्रचार वाहन की अगुवाई खंड कृषि विकास अधिकारी डा. इंद्रपाल द्वारा की गई। प्रचार वाहन का मुख्य उद्देश्य किसानों को गेहूं के अवशेष न जलाने, ग्रीष्मकालीन मूंग की बिजाई करने व गिरते भू-जल स्तर को रोकने के लिए साठी धान की रोपाई न करना आदि के बारे में जागरूक करना है। गांव बपदी में प्रचार वाहन के पहुंचने पर गांव के किसानों को जागरूक करते हुए डा. इंद्र पाल ने कहा कि गेहूं के अवशेष जलाने से जहां हमारी भूमि की उर्वरा शक्ति नष्ट होती है, वहीं पर्यावरण प्रदूषित होता है। उन्होंने कहा कि गेहूं के अवशेष जलाने से जहां भूमि के मित्र कीड़े नष्ट होते है वहीं अवशेष जलाने से उठने वाले धुएं से श्वास, त्वचा तथा आंखों की बीमारियां पनपती है। उन्होंने किसानों से अपील करते हुए गेहूं के अवशेष न जलाने , बल्कि खेत में दबाकर भूमि की उर्वरा शक्ति को बढ़ाने व ग्रीष्मकालीन मूंग की बिजाई कर लाभ कमाने की बात भी कहीं। उन्होंने किसानों से साठी धान की रोपाई न करने की बात कहीं, ताकि आने वाली पीढि़ को पानी की समस्य से न जूझना पड़े। इस अवसर पर किसान सुरजीत ङ्क्षसह, सुखेदव ङ्क्षसह, चंद्रपाल, रमेश कुमार, महेंद्र ङ्क्षसह, लाला राम, तारा चंद, विक्रम कुमार, ध्यान चंद, रिंकू, अमर ङ्क्षसह, महाबीर सहित अनेक किसान उपस्थित थे।


सदस्यता अभियान को सफल बनाने के लिए कार्यकत्र्ता करें मेहनत:बड़शामी
10 मई को इनैलो सुप्रीमों ओमप्रकाश चौटाला कुरूक्षेत्र में
बाबैन
इनैलो पार्टी अपने सगंठन को मजबूती देने के उदेश्य से सदस्यता अभियान छेड़ा हुआ है और कार्यकर्ता इस अभियान को सफल बनाने के लिए जी तोड़ मेहनत करें । उपरोक्त शब्द सोमवार को बाबैन के एक पैलेस में इनैलो कार्यकर्ताओं को सदस्यता कापी सौंपने के उपरांत लाडवा हल्का विधायक व विपक्ष के उपनेता शेर सिंह बड़शामी ने सबोधित करते हुए कहे। उन्होंने कहा कि कार्यकत्र्ता पार्टी के लिए आक्सीजन का काम करते हैं और कार्यकत्र्ता ही पार्टी की नीतियों को जन-जन तक पहुंचा कर पार्टी के  सगंठन को मजबूत करने का कार्य बखुबी करते हैं। उन्होंने कहा कि 10 मई को जाट धर्मशाला में इनैलो सुप्रीमों एवं पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला कार्यकत्र्ताओं की मीटिंग लेंगे। इसलिए कार्यकत्र्ता इस बैठक में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लें। इस अवसर पर हल्का प्रधान कौशल सैनी, कं वर सिंह, हाकम सिंह, गुरनाम गजलाना, सुल्तान गुहन, राजबीर गुहन, सुखदेव सिंह, सतबीर सूरा, सतबीर रामपुरा, ड़ा दीपक देवगन, सुरेश सैनी कली राम सैनी, रण सिंह ईशरहेड़ी,बाबा गुरचरण व अन्य कार्यकत्र्ता मौजूद थे।



उत्तर प्रदेश की गेहूं नहीं ले रही रुकने का नाम
आढ़तियों की मिली भगत से गेहूं तस्करी का कार्य जोरों पर
खाद्य आपूर्ति विभाग ने की गेहूं की खरीद बंद
लाडवा/शैलेंदर चौधरी
लाडवा अनाज मंडी में उत्तर प्रदेश की गेहंू रुकने का नाम नहीं ले रही है। उत्तर प्रदेश की गेहूं आने से खाद्य आपूर्ति विभाग की एजैंसी न केवल मंडी से गेहूं की खरीद बंद कर दी, बल्कि रविवार को लाडवा अनाज मंडी में करीब 20-25 गेहूं से लदी ट्रालियों के आने की सुचना पुलिस को भी दी। पुलिस मौके पर भी पहुंची और 4 ट्रालों के ड्राइवरों को पकड़ा भी, लेकिन सोमवार को जब सुबह थानाध्यक्ष से इस बारे संपर्क किया तो उनकी जानकारी में ऐसा कोई मामला ही नहीं था। पुलिस जीप को देखकर ट्रालों के ड्राइवर ट्राले छोडक़र फरार हो गए। उत्तर प्रदेश से गेहूं की तस्करी आढ़तियों की मिली भगत से लाडवा अनाज मंडी में जोरों से चल रही है। पत्रकारों को जानकारी देते हुए खाद्य आपूर्ति विभाग के इंस्पेक्टर हुकम चंद ने बताया कि रविवार देर रात को लाडवा की अनाज मंडी में करीब 20-25 ट्रालियां गेहूं से लदी आई, जिसकी सुचना उन्होंने तुरंत लाडवा थाने में दी। उन्होंने यह भी बताया कि मौके पर पुलिस ने पहुंचकर गेहूं से लदी ट्रालियों को लेकर आए 4 ड्राइवरों को काबू भी किया और पुलिस जिप्सी में बिठाकर ले गई, लेकिन उसके बाद सभी गेहूं से लदी ट्रालियां अनाज मंडी में उतरी। उन्होंने यह भी बताया कि इसकी जानकारी उन्होंने अपने उच्च अधिकारियों को दी, जिसके चलते सोमवार को विभाग द्वारा मंडी से गेहूं की खरीद को बंद कर दिया है। वहीं दूसरी तरफ गेहूं से लदी ट्रालियां लेकर आए किसानों ने उन्हें हरियाणा के किसान बताने की बात कहीं। जबकि लाडवा कस्बे में 99 प्रतिशत गेहूूं किसान उठा चुके है और मंडी में कस्बे की नाम मात्र गेहूं आ रही है। यदि गेहूं हरियाणा की है तो रात में गेहूं क्यों आती है और आढ़ती रातों-रात गेहूं को क्यों उतार रहे है। उत्तर प्रदेश से मंडी में गेहूं आना कोई पहली बार नहीं है। इससे पहले भी पार्षद देवेंद्र मान ने उत्तर प्रदेश से आए गेहूं के दो ट्रकों को पकड़वाया था, जिसकी जांच भी आज तक पुरी नहीं हुई है। एक तरफ तो सरकार के आदेशों के चलते हरियाणा की मंडियों में उत्तर प्रदेश की गेहूं पर रोक लगी हुई है। वहीं लाडवा अनाज मंडी में आढ़तियों की मिलीभगत से उत्तर प्रदेश की गेहंू रुकने का नाम नहीं ले रही है। यदि कोई गेहूं को पकड़वाता भी है तो आढ़ती उसे हरियाणा के किसानों की बताकर उन्हें छुड़वा रहे है। गेहूं तस्करी का कारोबार लाडवा अनाज मंडी में पूरे जोरों पर चल रहा है।  
संगठनों ने की गेहूं की तस्करी करवाने वाले आढ़तियों के लाइसेंस रद्द करने की मांग
युवा मजदूर किसान मोर्चा के प्रदेशाध्यक्ष पवन सौंटी, भारतीय किसान यूनियन के पूर्व जिलाध्यक्ष मेहर ङ्क्षसह जैनपुर, ब्लाक अध्यक्ष अजीत ङ्क्षसह, पार्षद देवेंद्र मान ने जिला उपायुक्त से मांग करके ऐसे आढ़तियों के लाइसेंस रद्द करने की मांग की है जो लालच वश उत्तर प्रदेश से गेहूं की तस्करी करते है। उन्होंने कहा कि पूरी अनाज मंडी में मात्र आठ-दस आढ़ती है जो सरकार व प्रशासन के आदेशों की धज्जियां उड़ाकर उत्तर प्रदेश से गेहूं लाकर हरियाणा में बेच रहे है। यदि प्रशासन चाहे तो गेहूं की तस्करी करने वालों के खिलाफ कार्यवाही कर सकती है। भाकियू ने चेतावनी देते हुए कहा कि  यदि इनके खिलाफ कार्यवाही नहीं की तो वह सरकार व प्रशासन के खिलाफ सडक़ों पर उतरने को मजबूर होंगे।  जब इस बारे में लाडवा थानाध्यक्ष छोटू राम से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि वह रात्रि 11 बजे तक स्वयं गश्त पर थे। उन्होंने कहा कि उस समय तक ऐसी कोई घटना नहीं घटी। उन्होंने कहा कि यदि ऐसी कोई बात है तो वह इसकी जांच करेंगे। 



राकांपा की 16 मई की प्रस्तावित किसान रैली स्थगित
कुरुक्षेत्र/मेघराज मित्तल
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी द्वारा दिल्ली में प्रस्तावित 16 मई की राष्ट्र्रीय किसान रैली को स्थगित कर दिया गया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए राकांपा के प्रवक्ता पवन सौन्टी ने बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद पवार द्वारा किसानों के हित में कपास, धान व चीनी के निर्यात तथा डिजल की मूल्य वृद्धि को रोकने के लिये दिल्ली में किसान रैली 16 मई को रखी गई थी। अब सरकार द्वारा कई मांगें मान लेने के कारण फिलहाल रैली को स्थगित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि इस रैली में हरियाणा से भारी संख्या में भागीदारी के लिए प्रदेशाध्यक्ष चौ. वेदपाल लम्बे समय से किसानों व पार्टी कार्यकर्ताओं  से सम्पर्क कर रहे थे। हरियाणा से हजारों की संख्या में उनके नेतृृत्व में पार्टी कार्यकर्ता व किसान भाग लेने के लिये तैयार थे।  चौ. वेदपाल ने भाकियू के नेताओं से भी सम्पर्क साध कर किसानों की अधिक से अधिक भागीदारी को सुनिश्चित किया था। प्रैस को जारी ब्यान में सौन्टी ने बताया कि चौ. वेदपाल ने कहा कि अगर केंद्र सरकार ने बाकी मांगों को नहीं माना तो रैली का आयोजन निकट भविष्य में ही होगा। चौ. वेद पाल ने 17  मई को भारतीय किसान यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष स. गुरनाम सिंह चढूनी ने नेतृत्व में होने वाली किसान आक्रोश रैली की मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि राकांपा कार्यकर्ता इस रैली में बढ़-चढ़ कर भाग लेंगे।







कुवि ने किए दो परीक्षाओं के परिणाम घोषित
कुरुक्षेत्र/पवन सौंटी
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के परीक्षा नियन्त्रक यशपाल गोस्वामी ने बताया कि  दिसम्बर 2011 में आयोजित   एम.टैक माइक्रो इलेक्ट्रोनिक्स एंड वीएलएसआई डिजाइन प्रथम सेमेस्टर के 34 में से 30 तथा तृतीय सेमेस्टर के 28 में से 27 विद्यार्थियों ने परीक्षा पास की है।  उपरोक्त परीक्षा का परिणाम विश्वविद्यालय के वैबसाइट रिजल्ट डाट केयूकेडाट एसी डाट इन पर भी देखा जा सकता है।

प्रजातात्रिंक तरीके से सुसगंठित होकर लड़े लड़ाई: जसविंद्र सिंह संधू
10 मई को जाट धर्मशाला कुरुक्षेत्र में पहुंचने का दिया न्यौता
पिहोवा/ वाई डी शास्त्री
इनेलो द्वारा शुरू किए गए सदस्यता अभियान को लेकर आज धनीरामपुरा, अरूणाय, सैंसा, छज्जुपुर, तलहेड़ी, चनालहेड़ी, सुरमी, टकोरन, बचकी, कंथला, मलिकपुर, हरीगढ़ भौरख व जखवाला आदि गांव का दौरा कर पूर्व कृषि मंत्री जसविंद्र सिंह संधू ने गांव सैंसा में बोलते हुए कहा कि हरियाणा को उजाडऩे वालों को रोकने के लिए इनेलो का साथ दें ओर पार्टी की सदस्यता ग्रहण करे। संधू ने कहा कि हुड्डा सरकार किसान, कर्मचारी, छोटा दुकानदार, व्यापारी व कमेरे वर्ग की विरोधी रही है। कांग्रेस सरकार की नीतियां हमेशा ही बड़े-बड़े उद्योगपतियों के हक की रही है। कभी भी आम आदमी के हित की कोई योजना नहीं बनाई। संधू ने कहा कि यदि कांग्रेस आम जनता की हितैषी होती तो आज देश की लगभग आधी आबादी गरीबी रेखा से नीचे न होती। उन्होंने लोगों से आह़वान किया कि प्रजातात्रिंक तरीके से सुसगंठित होकर लड़ाई लड़ें, ताकि अपने अधिकार सुरक्षित किए जा सके। इस मौके पर उन्होंने 10 मई को जाट धर्मशाला कुरुक्षेत्र में पहुंचने का न्यौता भी दिया। इस मौके पर बलदेव सिंह वडै़च, हलका प्रधान कुलदीप मुलतानी, सुरेश नैन, कुलदीप जखवाला, सुभाष बटेड़ी, गांव सैंसा से सुखा सैनी, प्रेम चंद सैनी, महताब सिंह सैनी, रणजीत सिंह सैनी, सुलेख सैनी, महिंद्र सिंह सैनी, धर्मपाल सैनी, नाथू राम सैनी, शादी राम सैनी, राजपाल सैनी सहित अनेक लोग उपस्थित थे।



सडक़ दुर्घटना में एक की मौत
कुरुक्षेत्र
सडक़ दुघर्टना में एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई। पुलिस को दी शिकायत में तेजपाल पुत्र ज्ञान चन्द वासी गांव लोटनी ने बताया कि अज्ञात ट्रक चालक ने ट्रक को तेज गति व लापरवाही से चलाते हुए बस स्टैण्ड लोटनी के नजदीक मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। टक्कर लगने से उसका भाई भजन लाल गंभीर रूप से घालय हो गया तथा पिहोवा स्थित मिशन अस्पताल में उसकी मृत्यु हो गई। थाना इस्माईलाबाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरु कर दी।

विदेश भेजने के नाम पर 15 लाख की धोखाधड़ी
कुरुक्षेत्र
विदेश भेजने के नाम पर 15 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने का मामला प्रकाश में आया है। पुलिस को दी शिकायत मे प्रगट सिंह पुत्र गुलजार सिंह वासी गांव सल्पानी कलां ने बताया कि जसवंत पुत्र बलदेव सिंह व प्रमजीत कौर पत्नी जसवन्त सिंह वासियान गोगपुर जिला कुरुक्षेत्र ने धोखे से मई 2008 को 15 लाख रुपये उसके पुत्र गुरविन्द्र सिंह को विदेश भेजने हेतु लिए थे। परन्तु अब तक न तो विदेश भेजा और न ही 15 लाख रुपये वापिस किए। थाना झांसा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरु  कर दी।